मुकेश अंबानी को जन्मदिन पर मिली बड़ी खुशखबरी, JIO ने दिलाया ये सम्मान

नई दिल्ली: भारत के सबसे अमीर व्यक्ति मैं शुमार मुकेश अंबानी को उनके जन्मदिन पर एक बड़ी खुशखबरी मिली . जिओ लांच के मोके पर मुकेश अंबानी को फॉर्च्यून मैगजीन के टॉप-50 महान लीडर्स की लिस्ट में शामिल किया गया है.फॉर्च्यून का मानना है कि मुकेश अंबानी ने जियो jio लॉन्च करके टेलीकॉम इंडस्ट्री को एक नया मोड़ पर लाकर रख दिया है.  इसी वजह से उन्हें  टेलीकॉम क्रांति की वजह से ही लिस्ट में जगह मिली. खास बात यह रही कि मुकेश अंबानी को यह खुशखबरी उनके जन्मदिन पर मिली. 19 अप्रैल को मुकेश अंबानी का 61वां जन्मदिन था.

Jio की वजह अंबानी को लिस्ट में जगह
मुकेश अंबानी के जन्मदिन पर जारी हुई इस लिस्ट में उन्हें 24वां स्थान दिया गया है. फॉर्च्यून के मुताबिक, पिछले दो सालों से भी कम समय में अंबानी ने Jio की बदौलत बड़ी संख्या में भारतीयों के हाथ में इंटरनेट और मोबाइल डाटा पहुंचाया है. देश के टेलीकॉम मार्केट में यह एक तरह का बड़ा बदलाव है.

jio की  कामयाबी के पीछे क्या?
मैग्‍जीन के मुताबिक, जियो की कामयाबी के पीछे बेहद कम पैसों में मुफ्त कॉल्स और डाटा मुहैया कराना है. इससे टेलीकॉम मार्केट में पहले से मौजूद Jio के प्रतिद्वंदी या तो खत्म हो गए या उन्हें भी मुफ्त कॉल्स जैसी सुविधा शुरू करनी पड़ी. इसके अलावा भारत में डाटा की खपत में 1100 फीसदी का बड़ा उछाल आया. इससे जियो को फायदा हुआ.

कब लांच हुआ था Jio ?
रिलायंस इंडस्ट्रीज के मालिक मुकेश अंबानी ने सितंबर 2016 में Jio लॉन्च किया था. इसकी सफलता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि कंपनी ने अब तक करीब 16 करोड़ ग्राहकों को जोड़ लिए हैं.

और कोन कोन है लिस्ट में शामिल ?
मुकेश अंबानी के अलावा सुप्रीम कोर्ट की जानी-मानी वकील और मानवाधिकार कार्यकर्ता इंदिरा जयसिंह और आर्किटेक्ट बालकृष्ण दोषी को भी इस लिस्ट में जगह दी गई है. बता दें कि इस लिस्ट में हर साल दुनिया में बदलाव लाने वाली कुछ जानी-मानी हस्तियों को शामिल किया जाता है. इस साल एप्पल के सीईओ टिम कुक, न्यूजीलैंड के प्रधानमंत्री जैसिंडा अर्डर्न और फुटबॉल कोच निक सबन को भी लिस्ट में जगह दी गई है.

लिस्ट में  इंदिरा भी है अंबानी से आगे
फॉर्च्यून ने लिस्ट में सुप्रीम कोर्ट की वकील इंदिरा जयसिंह को अंबानी से ऊपर 20वां स्थान मिला है. फॉर्च्यून के मुताबिक, भारत में जब भी गरीबों को आवाज की जरूरत होती है, इंदिरा जयसिंह उनकी मदद के लिए खड़ी होती हैं. एक वकील जिसने अपनी जिंदगी अन्याय के खिलाफ लड़ने में लगा रखी है. बता दें कि इंदिरा जयसिंह ने 1984 में भोपाल गैस कांड का शिकार बने लोगों का केस लड़ा है. इसके अलावा भारत का पहला घरेलू हिंसा कानून बनाने में भी अहम किरदार निभाया है. हाल ही में उन्हें यूनाइटेड नेशंस की तरफ से रोहिंग्या मुस्लिमों के उत्पीड़न की जांच के लिए नियुक्त किया गया है.

कोन है लिस्ट में नबंर वन पर ?
इस साल की सूची में शीर्ष स्थान पर मार्जरी स्टोनमैन डगलस समेत अमेरिका के उन विद्यार्थियों को रखा गया है जो बंदूक की हिंसा के शिकार हुए हैं. सूची में मीटू आंदोलन को बिल एवं मिरिंडा गेट्स के बाद तीसरे स्थान पर रखा गया है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भी 2015 में इस सूची में जगह दी गयी थी. दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल 2016 में तथा भारतीय स्टेट बैंक की तत्कालीन चेयरमैन अरुंधति राय 2017 में इस सूची का हिस्सा रह चुकी हैं.

Releated Post